बिहार सरकार ने पर्यटन और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए मुख्यमंत्री होमस्टे प्रोत्साहन योजना 2026 को मंजूरी दी है। इस योजना के तहत राज्य के नागरिक अपने घर के खाली कमरों को पर्यटकों के लिए होमस्टे के रूप में विकसित कर सकेंगे और सरकार से आर्थिक सहायता प्राप्त कर सकेंगे। योजना का उद्देश्य स्थानीय लोगों की आय बढ़ाना, ग्रामीण पर्यटन को बढ़ावा देना और पर्यटकों को बिहार की संस्कृति, खान-पान और जीवनशैली से जोड़ना है।
बिहार सरकार ने इस योजना के लिए लगभग ₹25 करोड़ का प्रावधान किया है और अगले पांच वर्षों में 1,000 होमस्टे कमरों का पंजीकरण करने का लक्ष्य रखा है।
क्या है बिहार मुख्यमंत्री होमस्टे प्रोत्साहन योजना?
मुख्यमंत्री होमस्टे प्रोत्साहन योजना बिहार पर्यटन विभाग की एक विशेष पर्यटन प्रोत्साहन योजना है। इसके तहत लोग अपने घर के खाली कमरों को पर्यटकों के रहने योग्य बनाकर होमस्टे या Bed & Breakfast (BnB) के रूप में संचालित कर सकते हैं।
योजना का मुख्य उद्देश्य Community-Based Tourism को बढ़ावा देना है, ताकि पर्यटक स्थानीय परिवारों के साथ रहकर बिहार की संस्कृति और परंपराओं का वास्तविक अनुभव प्राप्त कर सकें।
Bihar Homestay Protsahan Yojana 2026 Highlights
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| योजना का नाम | मुख्यमंत्री होमस्टे प्रोत्साहन योजना 2026 |
| विभाग | पर्यटन विभाग, बिहार सरकार |
| योजना अवधि | 2026-27 से 2030-31 |
| लक्ष्य | 5 वर्षों में 1,000 होमस्टे कमरों का पंजीकरण |
| कुल बजट | लगभग ₹25 करोड़ |
| अधिकतम कमरे | 8 |
| पूंजीगत सब्सिडी | ₹2.50 लाख प्रति पात्र कमरा |
| अधिकतम सब्सिडी | ₹10 लाख |
| अतिरिक्त प्रोत्साहन | महिला, SHG और युवा उद्यमियों के लिए |
| कुल सहायता | ₹11 लाख तक |
| आवेदन प्रक्रिया | ऑनलाइन |
| आवेदन शुल्क | ₹2,000 (गैर-वापसी योग्य) |
Bihar Homestay Protsahan Yojana – योजना का उद्देश्य और मुख्य बातें
मुख्यमंत्री होमस्टे प्रोत्साहन योजना का मुख्य उद्देश्य बिहार के ग्रामीण और पर्यटन क्षेत्रों में स्थानीय लोगों को होमस्टे उद्यम शुरू करने के लिए प्रोत्साहित करना है। इसके तहत:
- किसी व्यक्ति अपने घर में अधिकतम 8 कमरों तक का होमस्टे पंजीकृत करा सकता है।
- सरकार प्रति कमरे ₹2.5 लाख रुपये तक की सब्सिडी देती है।
- सामान्य श्रेणी के लिए कुल सहायता ₹10 लाख तक संभव है (8 कमरे × ₹2.5 लाख).
- महिलाओं, स्वयं सहायता समूह (SHG) और 18–25 वर्ष के युवा उद्यमियों को प्रति कमरे अतिरिक्त ₹25,000 मिलते हैं, जिससे कुल सब्सिडी ₹11 लाख तक बढ़ जाती है।
योजना नए होमस्टे, पुराने घर को होमस्टे में बदलने और पहले से चल रहे होमस्टे को बेहतर बनाने सभी को कवर करती है।
Bihar Homestay Yojana से कितनी सब्सिडी मिलेगी?
इस योजना के तहत पात्र लाभार्थियों को प्रति कमरे ₹2.50 लाख तक की पूंजीगत सब्सिडी दी जाएगी। हालांकि यह लाभ अधिकतम 4 पात्र कमरों तक सीमित रहेगा। इस प्रकार सामान्य श्रेणी के लाभार्थी अधिकतम ₹10 लाख तक की सहायता प्राप्त कर सकते हैं।
महिला उद्यमियों, स्वयं सहायता समूह (SHG) तथा 18 से 25 वर्ष आयु वर्ग के युवा उद्यमियों को प्रति कमरे ₹25,000 अतिरिक्त प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। यह अतिरिक्त लाभ अधिकतम ₹1 लाख तक होगा। इस प्रकार कुल वित्तीय सहायता ₹11 लाख तक पहुंच सकती है।
| Type | Benifits |
| General Subsidy | प्रति कमरा ₹2.5 लाख की सहायताअधिकतम 4 कमरों तक (₹10 लाख तक) |
| Additional Benefit | महिलाओं, SHG समूहों और 18-25 वर्ष के युवाओं को प्रति कमरा ₹25,000 अतिरिक्त |
| Maximum Subsidy | कुल मिलाकर अधिकतम ₹11 लाख तक की सहायता |
एक होमस्टे में कितने कमरे हो सकते हैं?
Bihar Homestay Protsahan Yojana के तहत एक होमस्टे में अधिकतम 8 कमरों का पंजीकरण कराया जा सकता है। हालांकि पूंजीगत सब्सिडी केवल पहले 4 पात्र कमरों तक ही उपलब्ध होगी।
किन क्षेत्रों में लागू होगी योजना?
बिहार के 16 जिलों के प्रमुख पर्यटन स्थल (Priority Tourism Zones): पहले चरण में यह योजना बिहार के 16 जिलों के 34 अधिसूचित पर्यटन स्थलों पर लागू की जाएगी। योजना का लाभ उन घरों को मिलेगा जो चिन्हित पर्यटन स्थलों से लगभग 5 किलोमीटर की परिधि के भीतर स्थित हैं।
प्रमुख पर्यटन क्षेत्रों में शामिल हैं:
| जिला | मुख्य पर्यटन स्थल (5 KM का दायरा) |
| 1. गया | महाबोधि मंदिर (बोधगया), विष्णुपद मंदिर, डुंगेश्वरी मंदिर, प्रेतशिला, गुरुपा हिल |
| 2. औरंगाबाद | देव सूर्य मंदिर |
| 3. रोहतास | शेरशाह सूरी का मकबरा, मांझर कुण्ड, धुआं कुण्ड |
| 4. कैमूर | मुंडेश्वरी मंदिर परिसर, करमचट डैम |
| 5. नालंदा | जल मंदिर (पावापुरी), नालंदा महाविहार के पुरातात्विक स्थल, राजगीर कुण्ड, रोपवे, जू-सफारी व नेचर सफारी (राजगीर) |
| 6. सीतामढ़ी | पुनौराधाम, पंथ पाकड़ |
| 7. भागलपुर | विक्रमशिला विश्वविद्यालय के भग्नावशेष |
| 8. वैशाली | विश्वशांति स्तूप |
| 9. पश्चिम चंपारण | गाँधी आश्रम (भितिहरवा), वाल्मीकि टाइगर रिजर्व, अमवामन |
| 10. बांका | मंदार पर्वत, ओढ़नी डैम |
| 11. जमुई | जैन मंदिर (लछुआार), नागी नकटी डैम |
| 12. मुंगेर | भीमबांध वन्य अभ्यारण्य |
| 13. जहानाबाद | बराबर की गुफाएँ |
| 14. नवादा | ककोलत जलप्रपात |
| 15. पूर्वी चंपारण | केसरिया स्तूप, सीताकुण्ड |
| 16. मुजफ्फरपुर | मनिकामन झील, गरीबनाथ धाम |
Bihar Homestay Protsahan Yojana के लिए कौन कर सकता है आवेदन?
मुख्यमंत्री होमस्टे प्रोत्साहन योजना 2026 के लिए पात्रता मानदंड निम्नलिखित हैं:
- भारतीय नागरिक और बिहार के स्थायी निवासी होना जरूरी है।
- लाभार्थी के घर में कम से कम विकसित करने योग्य कमरे उपलब्ध हों, जिनमें होमस्टे के लिए सामान्य सुविधाएं (बिस्तर, पंखा/AC, गैर-स्मोकिंग क्षेत्र, साफ-सफाई) संभव हों।
- जमीन या मकान के स्वामित्व से जुड़े दस्तावेज होने चाहिए (जैसे मालिकाना हक, पट्टा, या लेखित अनुमति यदि租赁/रेंट पर है).
- सरकारी कर्मचारी, कॉन्ट्रैक्ट वर्कर और केंद्र/राज्य सरकार के नियमित कर्मचारी इस योजना का लाभ नहीं ले सकते।
किसी विशिष्ट आय सीमा या जाति-आधारित पात्रता की जानकारी वर्तमान रिपोर्ट्स में स्पष्ट नहीं है; मुख्य पात्रता बिहार निवासी और स्वामित्व/अनुमति आधारित है।
होमस्टे में कौन-कौन सी सुविधाएं जरूरी होंगी?
योजना के तहत पंजीकरण के लिए होमस्टे में निम्न सुविधाएं होना आवश्यक है:
- स्वच्छ एवं सुरक्षित कमरे
- साफ बिस्तर और आवश्यक फर्नीचर
- अटैच या स्वच्छ शौचालय
- स्वच्छ पेयजल
- बिजली एवं प्रकाश व्यवस्था
- अतिथियों की सुरक्षा व्यवस्था
- साफ-सफाई और बेहतर आतिथ्य सेवा
आवेदन के लिए आवश्यक दस्तावेज
- आधार कार्ड और पैन कार्ड
- बिहार का स्थायी निवास प्रमाण पत्र (Residential Certificate)
- जमीन/मकान के स्वामित्व के दस्तावेज (रजिस्ट्री डीड, नवीनतम भू-लगान रसीद, या LPC)
- बैंक पासबुक की कॉपी या कैंसिल्ड चेक (DBT के लिए)
- जिन कमरों को होमस्टे बनाना है, उनके अंदर और मकान के बाहरी हिस्से की स्पष्ट तस्वीरें
- आवेदक का कोई आपराधिक इतिहास नहीं होने और सरकारी सेवा में न होने का स्व-घोषणा पत्र (Affidavit)
Bihar Homestay Protsahan Yojana – ऑनलाइन आवेदन कैसे करें?
होमस्टे प्रोत्साहन योजना के आवेदन पूरी तरह ऑनलाइन हैं:
- वेबसाइट पर जाएं
- Bihar Tourism Department के होमस्टे पोर्टल या आधिकारिक “Mukhyamantri Homestay Registration” पेज पर जाएं।
- दिया लिंक:
https://tourism.bihar.gov.in/en/downloads/mukhyamantri-homestay
- रजिस्ट्रेशन (Registration)
- “New Registration” या “Apply Online” पर क्लिक करें।
- मोबाइल नंबर डालें, OTP की जांच करें और आधार के साथ रजिस्ट्रेशन करें।
- आवेदन फॉर्म भरें
- नाम, पता, ब्लॉक/जिला, होमस्टे स्थान, कमरों की संख्या, सुविधाओं का विवरण दर्ज करें।
- योजना श्रेणी चुनें (सामान्य / महिला / SHG / युवा).
- दस्तावेज अपलोड करें
- आधार, पैन, बैंक, जमीन दस्तावेज, फोटो आदि को निर्धारित फॉर्मेट और साइज में अपलोड करें।
- सत्यापन और सबमिशन
- सभी जानकारी की जांच करें और आवेदन सबमिट करें।
- सबमिशन के बाद एक आवेदन ID / रजिस्ट्रेशन नंबर प्राप्त होगा।
इस सब्सिडी का भुगतान कैसे होगा?
योजना के तहत स्वीकृत सहायता राशि एकमुश्त नहीं मिलेगी। इसे तीन चरणों में जारी किया जाएगा।
| किस्त | कब जारी होगी | राशि |
| पहली किस्त | पहली किस्त व्यावसायिक संचालन तिथि (COD) के बाद | 50% |
| दूसरी किस्त | COD के एक साल बाद | 25% |
| तीसरी किस्त | COD के दो साल बाद | | 25% |
लाभार्थी को स्वीकृति मिलने के बाद निर्धारित समय तक होमस्टे का संचालन करना होगा।
5 साल तक चलाना होगा होमस्टे
योजना के तहत सहायता प्राप्त करने वाले लाभार्थियों को होमस्टे का संचालन कम से कम 5 वर्षों तक करना होगा। यदि निर्धारित शर्तों का पालन नहीं किया जाता है तो विभाग कार्रवाई कर सकता है।
सरकार करेगी मुफ्त प्रचार
पंजीकृत होमस्टे को बिहार पर्यटन विभाग के प्रचार-प्रसार कार्यक्रमों में शामिल किया जा सकता है। इसके अलावा पर्यटन वेबसाइट, डिजिटल प्लेटफॉर्म और पर्यटन अभियानों में भी उन्हें प्रदर्शित किया जा सकता है, जिससे पर्यटकों तक उनकी पहुंच बढ़ेगी।
बिहार पर्यटन को मिलेगा बड़ा लाभ
बिहार देश के प्रमुख धार्मिक और ऐतिहासिक पर्यटन राज्यों में शामिल है। बोधगया, नालंदा, राजगीर, वैशाली और विक्रमशिला जैसे विश्व प्रसिद्ध स्थलों पर हर साल लाखों पर्यटक आते हैं। ऐसे में होमस्टे योजना से स्थानीय लोगों को सीधा आर्थिक लाभ मिलेगा और पर्यटकों को होटल के बजाय स्थानीय परिवारों के साथ रहने का अनूठा अनुभव प्राप्त होगा।
योजना के मुख्य लाभ (Benefits)
- सरकारी मान्यता
- रजिस्टर्ड होमस्टे “Bihar Tourism” द्वारा मान्यता प्राप्त होता है।
- होमस्टे की जानकारी Bihar Tourism के ऑनलाइन पोर्टल पर दिखेगी।
- सुविधाएँ और मानक
- होमस्टे में सुरक्षा, स्वच्छता और आतिथ्य के लिए निर्धारित न्यूनतम मानक रखे जाते हैं।
- टूरिस्टों को साफ-सुथरे कमरे, बेसिक फर्नीचर, बिस्तर, पंखा/AC (यदि हो), पानी व साफ-सफाई जैसी सुविधाएं देनी होती हैं।
- आय का नया जरिया
- स्थानीय परिवार अपने खाली कमरे में टूरिस्टों को रोकने के जरिए पैसा कमाने का नया रास्ता पा सकते हैं।
- ग्रामीण क्षेत्रों में पेस्कन पर्यटन, लोक कला, खान-पान भी बढ़ा सकता है।
- सरल रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया
- रजिस्ट्रेशन और अनुमोदन प्रक्रिया सूनू और सरल रखी गई है।
- ऑनलाइन फॉर्म, दस्तावेज अपलोड और स्टेटस चेक की सुविधा उपलब्ध है।
निष्कर्ष
मुख्यमंत्री होमस्टे प्रोत्साहन योजना (Bihar Homestay Protsahan Yojana 2026 ) बिहार के ग्रामीण निवासियों के लिए एक बहुत बड़ा अवसर है, जिससे वे अपने घर में होमस्टे बनाकर ₹10–11 लाख रुपये तक सब्सिडी प्राप्त कर सकते हैं और पर्यटन उद्यम से आय भी जुटा सकते हैं। सरकार की यह योजना न केवल पर्यटन को नई दिशा देगी बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार और आय के नए अवसर भी पैदा करेगी। आने वाले वर्षों में यह योजना बिहार के पर्यटन और स्थानीय अर्थव्यवस्था के लिए गेम चेंजर साबित हो सकती है।
अगर आपके घर में खाली कमरे हैं और आप पर्यटन क्षेत्र के पास रहते हैं, तो अब ही बिहार पर्यटन विभाग की वेबसाइट पर जाकर ऑनलाइन आवेदन शुरू करें और अपने होमस्टे उद्यम को सरकारी सहायता से मजबूत बनाएं।





